
सांडवा चंद्रिका, प्रतापगढ़। Hindu Nav Varsh: राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ द्वारा वर्ष प्रतिपदा उत्सव हर्षोल्लास के साथ मनाया गया। भारतीय नववर्ष के प्रतीक इस अवसर पर सरस्वती शिशु मंदिर गड़वारा में एक भव्य कार्यक्रम का आयोजन किया गया,जिसमें बड़ी संख्या में स्वयंसेवकों ने भाग लिया।
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कार्यक्रम के बतौर मुख्य वक्ता विभाग संघचालक रमेश ने वर्ष प्रतिपदा के महत्व पर प्रकाश डालते हुए कहा कि इसी दिन से विक्रम संवत का आरंभ होता है, जो भारतीय कालगणना का आधार है। उन्होंने बताया कि पौराणिक मान्यताओं के अनुसार इसी दिन सृष्टि की रचना का प्रारंभ हुआ था और सम्राट विक्रमादित्य द्वारा शकों पर विजय के बाद इसी दिन विजय संवत की स्थापना की गई थी।

वर्ष प्रतिपदा केवल नववर्ष का आरंभ नहीं, बल्कि नवचेतना, सकारात्मक ऊर्जा और नए संकल्पों का प्रतीक है। उन्होंने कहा कि यह दिन आत्ममंथन, आत्मसंयम और राष्ट्र के प्रति कर्तव्यों को याद करने का अवसर भी है।कार्यक्रम के अंत में सभी स्वयंसेवकों ने राष्ट्र उन्नति, समाज सेवा और भारतीय संस्कृति के संरक्षण का संकल्प लिया।
बौद्धिक के पश्चात गड़वारा बाजार में विधिवत् घोष के साथ अनुशासित पथ संचलन निकाला गया। जगह-जगह पर समाज के लोगों ने पुष्प वर्षा करके स्वयंसेवकों का स्वागत किया।
इस मौके पर मुख्य रूप से खंड संघचालक हरिशंकर, खंड कार्यवाह उमेश,सह खंड कार्यवाह रत्नेश,विभाग पर्यावरण प्रमुख अनिल,जिला बौद्धिक प्रमुख शेषमणि,जिला घोष प्रमुख उमंग, जिला सद्भाव प्रमुख राम केवल, जिला कुटुंब प्रबोधन प्रमुख हिरेंद्र, जिला महाविद्यालय कार्य प्रमुख गौरव, सह जिला शारीरिक शिक्षण प्रमुख आशीष, सचिन सिंह, राधे रोहन, अंकित, सूर्यभान, रमेश, डॉक्टर मनीष सिंह आदि उपस्थित रहे।
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