Home » आज फोकस में » Sukhbir Singh Badal Attack: स्वर्ण मन्दिर ने सेवा दे रहे सुखवीर सिंह बादल पर अटैक, पकड़ा गया हमलावर

Sukhbir Singh Badal Attack: स्वर्ण मन्दिर ने सेवा दे रहे सुखवीर सिंह बादल पर अटैक, पकड़ा गया हमलावर

[the_ad id="14540"]

पंजाब। Sukhbir Singh Badal Attack: पंजाब के अमृतसर में स्वर्ण मंदिर परिसर में सेवा दे रहे शिरोमणि अकाली दल प्रमुख और पूर्व उप मुख्यमंत्री सुखबीर सिंह बादल पर जानलेवा हमला हुआ, यहां उन पर फायरिंग की गई। हालांकि इस हमले में वह बाल-बाल बच गये हैं। दरअसल, सुखवीर सिंह बादल, अकाल तख्त द्वारा घोषित सजा के तहत दो दिसंबर से यहां सेवा कर रहे थे। इस गोलीबारी के दौरान सुरक्षा कर्मियों ने उन्हें कवर कर  लिया। वहीं फयरिंग करने वाला शख्स नारायण सिंह चौड़ा पकड़ लिया गया।

इसे भी पढ़ें- सुखबीर सिंह बादल ने शिरोमणि अकाली दल के अध्यक्ष पद से दिया इस्तीफा, अब इन्हें मिल सकती है पार्टी की कमान

पकड़ा गया हमलावर 

Sukhbir Singh Badal Attack

घटना के बारे में बताते हुए एडीसीपी हरपाल सिंह ने कहा कि यहां सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए थे। सुखबीर सिंह बादल को पहले ही कवर कर लिया गया था। मैं यहां सुबह 7  बजे ही यहां आ गया था। उन्होंने बताया कि हमलावर नारायण सिंह चौड़ा कल भी यहां आया था। पहले वह गुरुद्वारा में मत्था टेकने गया। इसके बाद उसने फायरिंग कर दी। हालांकि वह सीधी फायरिंग नहीं कर सका क्योंकि हमारे जवान वहां मौजूद थे। इस घटना में किसी कोई नुकसान नहीं पहुंचा।

पूर्व उप मुख्यमंत्री ने साफ़ किए जूठे बर्तन 

बता दें कि पूर्व उप मुख्यमंत्री सुखबीर सिंह बादल, श्री अकाल तख्त साहिब द्वारा दी गई सजा को भुगतने के लिए स्वर्ण मंदिर परिसर में पहुंचे हैं। मंगलवार को भी वह सुबह नौ बजे से 12 बजे तक स्वर्ण मंदिर में थे। उन्होंने वहां लगभग एक घंटे तक सेवादार के कपड़े पहनकर और हाथ में भाला लेकर गेट पर पहरा दिया। इसके बाद उन्होंने एक घंटे तक कीर्तन सुना और आखिर में जूते बर्तन साफ़ किये।

अन्य नेताओं ने साफ़ किए टॉयलेट 

उनके अलावा पूर्व मंत्री बिक्रम सिंह मजीठिया और सुखदेव सिंह ढींडसा ने भी सजा के तहत गुरुद्वारे में बर्तन साफ ​​किए। वहीं पार्टी नेता डा. दलजीत सिंह चीमा, सुरजीत सिंह रखड़ा, प्रेम सिंह चंदूमाजरा और महेश इंदर ग्रेवाल ने टायलेट की सफाई की। हालांकि सुखबीर सिंह बादल को भी शौचालय साफ़ करने के लिए सज़ा दी गई थी, लेकिन पैर में फ्रैक्चर होने की वजह से उन्हें इस सज़ा से मुक्त कर दिया गया था।

 इसे भी पढ़ें- Sukhbir Singh Badal: गले में पट्टी और हाथ में भाला लेकर यहां ड्यूटी दे रहे सुखवीर सिंह बादल

Leave a Comment

[the_ad id="14784"]
[the_ad id="14787"]
Modi 3.0 के पहले आम बजट से मिडिल क्लास को मिलेगी राहत?