
अलीगढ़। Religious Tension: उत्तर प्रदेश में बीते कुछ समय से सांप्रदायिक सौहार्द बिगाड़ने और पूरे प्रदेश को हिंसा की आग में झोंकने की लगातार कोशिश की जा रही है। हालांकि, योगी सरकार की सख्ती को वजह से उपद्रवियों को इसमें सफलता नहीं मिल पा रही है। हाल ही में ‘आई लव मोहम्मद’ को लेकर बरेली में अचानक से हिंसा भड़क गई थी, लेकिन प्रशासन ने तत्काल इसे काबू के कर लिया था। बरेली के बाद अब अलीगढ़ में भी ‘आई लव मोहम्मद’ को लेकर माहौल खराब करने की नाकाम कोशिश की गई।
इसे भी पढ़ें- I Love Mahakal’ Campaign: एमपी में शुरू हुआ ‘I Love Mahakal’ अभियान, जागृत हिंदू मंच ने लगवाए पोस्टर
दो किमी के दायरे में हैं पांचों मंदिर

दरअसल, अलीगढ़ के दो गांव में स्थित पांच मन्दिरों की दीवारों पर बीती रात किसी से ‘आई लव मोहम्मद’ लिख दिया। ये दोनों गांव लोधा ब्लाक क्षेत्र में स्थित हैं। यहां के भगवानपुर गांव में स्थित तीन मंदिर और बुलागढ़ी में स्थित दो मन्दिरों की दीवारों पर अंग्रेजी में गलत वर्तनी के साथ आई इसके बाद लव का निशान और इसके नीचे मुहम्मद लिखा हुआ था। ये पांचों मंदिर दो किलोमीटर के दायरे में आते हैं।
हिन्दू संगठनों ने जताई नाराजगी

सुबह जब स्थानीय लोग पूजा करने मंदिर पहुंचे और वहां की दीवारों पर ‘आई लव मोहम्मद’ लिखा देखा तो आक्रोशित हो गये और मामले की जानकारी पुलिस को दी। हालात की गंभीरता को समझते हुए पुलिस तत्काल मौके पर पहुंची और मंदिरों पर लिखे आपत्तिजनक शब्दों को साफ़ कराया और लोगों को समझा बुझा कर शांत कराया। इधर, हिन्दू संगठनों ने भी नाराजगी जताई और उपद्रवियों के खिलाफ कठोर कार्रवाई की मांग की।
पुलिस पिकेट तैनात

घटना की खबर मिलते ही करणी सेना के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष ज्ञानेंद्र सिंह और राष्ट्रीय सवर्ण परिषद के आचार्य भरत तिवारी भी मौके पर पहुंच गये। ज्ञानेंद्र सिंह की तहरीर पर मौलवी मुस्तकीम, गुल मोहम्मद, सुलेमान, सोनू, अल्लाबक्श, हसन, हामिद और यूसुफ के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया। एसएसपी नीरज जादौन ने बताया, इलाके में तनाव को देखते हुए वहां पिकेट तैनात कर दी गई है, ताकि किसी भी तरह की हिंसा को तत्काल रोका जा सके। मौके पर मौजूद गभाना के सीओ संजीव तोमर में लोगों को शांत कराया और दीवारों पर लिखे शब्दों को साफ़ कराया।
मौलाना से हुई थी मारपीट
बताया जा रहा है कि, बीते 20 सितंबर को यहां के मौलाना और हिन्दू समाज के कुछ लोगों के बीच मारपीट हुई थी। उस वक्त दोनों पक्षों की तरफ से मुकदमा पंजीकृत हुआ था। अब इस घटना को उसी से जोड़कर देखा जा रहा है। मौलाना मुस्तकीम लखनपुरा भगवान पुर में इमाम के पद पर तैनात हैं और उर्दू पढ़ाते हैं। मुस्तकीम मूल रूप से बिहार के भागपुर के रहने वाले हैं।
इसे भी पढ़ें- Bareilly Violence: बढ़ा ‘I love Mohammed’ विवाद, सड़क पर उतरे लोग, CM बोले- उपद्रवियों को नहीं छोड़ेंगे






Users Today : 11

